विवाह मुहूर्त 2026 — शुभ विवाह तिथियां और मुहूर्त
भारतीय संस्कृति में विवाह जीवन का सबसे पवित्र संस्कार है, और इसके लिएशुभ मुहूर्त का चयन अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। वैदिक ज्योतिष के अनुसार विवाह का मुहूर्त पंचांग के पांच अंगों — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण — के आधार पर निर्धारित किया जाता है। सही मुहूर्त में किया गया विवाह दंपति के जीवन में सुख-समृद्धि, प्रेम और स्थायित्व लाता है। यहां हम 2026 के सभी शुभ विवाह मुहूर्तों की संपूर्ण सूची प्रस्तुत कर रहे हैं।
विवाह मुहूर्त कैसे निर्धारित होता है?
शुभ विवाह मुहूर्त के लिए कई ज्योतिषीय कारकों का संयुक्त विश्लेषण किया जाता है:शुभ नक्षत्र — रोहिणी, मृगशिरा, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, उत्तरा भाद्रपद और रेवती विवाह के लिए शुभ मानी जाती हैं।शुभ तिथि — द्वितीया, तृतीया, पंचमी, सप्तमी, दशमी, एकादशी और त्रयोदशी शुभ तिथियां हैं। शुभ लग्न — वृषभ, मिथुन, कर्क, कन्या, तुला और धनु लग्न विवाह के लिए उत्तम हैं। इसके अलावा खरमास, अशुभ योग औरग्रहण काल में विवाह वर्जित है।
जनवरी 2026 — शुभ विवाह तिथियां
जनवरी 2026 में शादी के लिए शुभ तिथियां: 15 जनवरी (गुरुवार) — मकर संक्रांति के बाद, उत्तराषाढ़ा नक्षत्र; 21 जनवरी (बुधवार) — रोहिणी नक्षत्र, शुक्ल पक्ष; 26 जनवरी (सोमवार) — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र। मकर संक्रांति (14 जनवरी) के बाद से खरमास समाप्त होता है और विवाह मुहूर्त प्रारंभ हो जाते हैं।
फरवरी 2026 — शुभ विवाह तिथियां
2 फरवरी (सोमवार) — हस्त नक्षत्र, शुक्ल दशमी;6 फरवरी (शुक्रवार) — स्वाती नक्षत्र; 10 फरवरी (मंगलवार) — मूल नक्षत्र, पूर्णिमा के निकट; 16 फरवरी (सोमवार) — मृगशिरा नक्षत्र;22 फरवरी (रविवार) — मघा नक्षत्र। फरवरी में बसंत पंचमी के आसपास विवाह अत्यंत शुभ माना जाता है।
मार्च 2026 — शुभ विवाह तिथियां
1 मार्च (रविवार) — अनुराधा नक्षत्र; 5 मार्च (गुरुवार) — उत्तराषाढ़ा नक्षत्र; 8 मार्च (रविवार) — रेवती नक्षत्र, महाशिवरात्रि के बाद। ध्यान रखें कि होली (14 मार्च) के आसपास का समय विवाह के लिए अशुभ माना जाता है। मार्च के अंत तक कुछ और शुभ मुहूर्त उपलब्ध हो सकते हैं।
अप्रैल 2026 — शुभ विवाह तिथियां
16 अप्रैल (गुरुवार) — अक्षय तृतीया, यह दिन बिना मुहूर्त के भी विवाह हेतु सर्वश्रेष्ठ माना जाता है; 20 अप्रैल (सोमवार) — रोहिणी नक्षत्र;24 अप्रैल (शुक्रवार) — उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र;27 अप्रैल (सोमवार) — स्वाती नक्षत्र। अप्रैल में नवरात्रि और रामनवमी के बीच विवाह नहीं करना चाहिए।
मई 2026 — शुभ विवाह तिथियां
4 मई (सोमवार) — उत्तराषाढ़ा नक्षत्र; 11 मई (सोमवार) — मृगशिरा नक्षत्र; 18 मई (सोमवार) — हस्त नक्षत्र;25 मई (सोमवार) — अनुराधा नक्षत्र। मई में विवाह के अच्छे मुहूर्त उपलब्ध हैं, विशेषकर वैशाख महीने में।
जून 2026 — शुभ विवाह तिथियां
1 जून (सोमवार) — रेवती नक्षत्र; 8 जून (सोमवार) — रोहिणी नक्षत्र; 15 जून (सोमवार) — मघा नक्षत्र। जून के मध्य सेआषाढ़ मास प्रारंभ होता है और खरमास लगने पर विवाह मुहूर्त बंद हो जाते हैं। जुलाई और अगस्त में चातुर्मास और सावन के कारण विवाह सामान्यतः नहीं किए जाते।
सितंबर-अक्टूबर 2026 — शुभ विवाह तिथियां
सावन और भाद्रपद के बाद, शारदीय नवरात्रि के बाद विवाह का सीजन पुनः प्रारंभ होता है। 28 अक्टूबर से विवाह मुहूर्त शुरू होते हैं।29 अक्टूबर (गुरुवार) — रोहिणी नक्षत्र;31 अक्टूबर (शनिवार) — मृगशिरा नक्षत्र। नवरात्रि (9-17 अक्टूबर) और पितृ पक्ष (सितंबर) में विवाह वर्जित है।
नवंबर 2026 — शुभ विवाह तिथियां
नवंबर विवाह का सबसे लोकप्रिय महीना है। 4 नवंबर (बुधवार) — उत्तरा फाल्गुनी;9 नवंबर (सोमवार) — अनुराधा; 16 नवंबर (सोमवार) — उत्तराषाढ़ा; 20 नवंबर (शुक्रवार) — रेवती; 25 नवंबर (बुधवार) — रोहिणी; 30 नवंबर (सोमवार) — हस्त नक्षत्र। देवउठनी एकादशी (15 नवंबर) के बाद विवाह का सबसे शुभ काल माना जाता है।
दिसंबर 2026 — शुभ विवाह तिथियां
3 दिसंबर (गुरुवार) — स्वाती नक्षत्र; 7 दिसंबर (सोमवार) — मूल नक्षत्र; 11 दिसंबर (शुक्रवार) — उत्तरा भाद्रपद;14 दिसंबर (सोमवार) — मकर संक्रांति से पहले अंतिम मुहूर्त। दिसंबर मध्य से खरमास (मलमास) लगता है और 14 जनवरी 2027 तक विवाह मुहूर्त बंद रहते हैं।
विवाह में वर्जित काल
वैदिक ज्योतिष में कुछ कालखंड विवाह के लिए पूर्णतः वर्जित हैं: खरमास(सूर्य का धनु राशि में गोचर, ~15 दिसंबर से 14 जनवरी); चातुर्मास(आषाढ़ शुक्ल एकादशी से कार्तिक शुक्ल एकादशी); पितृ पक्ष (भाद्रपद कृष्ण प्रतिपदा से अमावस्या); नवरात्रि (चैत्र और शारदीय दोनों);ग्रहण काल (सूर्य या चंद्र ग्रहण); शून्य/अशुभ तिथि — अमावस्या, चतुर्थी, षष्ठी, अष्टमी, नवमी, द्वादशी, चतुर्दशी और पूर्णिमा।
AI से पाएं अपना व्यक्तिगत विवाह मुहूर्त
ऊपर दी गई तिथियां सामान्य शुभ मुहूर्त हैं, लेकिन सबसे सटीक विवाह मुहूर्त वर-वधू दोनों की जन्म कुंडली के आधार पर निकाला जाता है। The Astro Nova का AI-powered ज्योतिष इंजन दोनों कुंडलियों का विश्लेषण करके — गुण मिलान,दशा-अंतर्दशा, गोचर और योगिनी दशा — सबसे अनुकूल विवाह तिथि और लग्न मुहूर्त बताता है।
अभी The Astro Nova पर अपना मुफ्त अकाउंट बनाएं और AI से पूछें कि आपके विवाह के लिए 2026 में सबसे शुभ तिथि और मुहूर्त कौन सा है। हमारा AI इंजन पंचांग, नक्षत्र और आपकी व्यक्तिगत कुंडली तीनों को मिलाकर सबसे सटीक मुहूर्त की गणना करता है।
Get Your Personalized Reading
Our AI-powered Vedic astrology platform delivers detailed birth chart analysis, real-time transit predictions, and personalized guidance.
Start Free Now